उत्तेजना की चाहत बन गयी शामत-3

(Uttejna Ki Chahat Ban Gayi Shamat- Part 3)

इस कामुक कहनी के पिछले भाग
उत्तेजना की चाहत बन गयी शामत-2

आस पास के सेक्सी कपल भी हमारी नग्न मस्ती को देख रहे थे और देखते हुए मजे ले रहे थे. कुछ देर मस्ती करने के बाद फिर सोचा कि कुछ नया किया जाए इसलिए मैंने सुझाव दिया कि इन दोनों औरतों को थोड़ा दूर रेत में पूर्णतया नग्न अवस्था में ऐसी जगह लिटा दिया जाए जहां समुद्र की लहरें इन दोनों के ऊपर आएं और स्वयं ही फिर बह कर उतर जाएं.

दोनों के हाथ सिर के ऊपर कर दिए जाएं और दोनों पैरों को चौड़ा कर दिया जाए जिससे कि चूत लहरों के सामने खुल जाए और फिर समुद्र की लहरें उन पर आने दी जाएं.
और सच में यह बहुत ही कामुक मुद्रा थी.

वह दोस्त की वाइफ तो बिल्कुल भी तैयार नहीं हुई लेकिन मैंने अपनी वाली को मना लिया. वैसे भी अब उसका जिस्म सुलग चुका था और बेशर्मी उस पर हावी थी क्योंकि पानी से बाहर आते ही दोस्त की बीवी ने तो अपनी अंडरवियर पहन ली थी लेकिन मेरी वाली बेधड़क नंगी ही रेत पर चल रही थी.

मेरी पत्नी इस बात के लिए भी तैयार हो गई थी. हम तीनों ने मिल कर उसको नंगी ही रेत पर बताई हुई मुद्रा में लेटा दिया और फिर हमें एक शरारत और सूझी. हम तीनों ने उसके नंगे जिस्म को गीली रेत से ढक दिया.

बहुत मजा आ रहा था उन दोनों कपल्स को मेरी बीवी के नंगे जिस्म के ऊपर रेत डालते हुए. कुछ ही देर में मेरी बीवी का समूचा जिस्म रेत में दबा दिया गया था. चूचों वाली जगह पर चूचों की शेप बना दी गई थी. ऐसा करने के बाद हम तीनों एक बड़ी लहर के आने का इंतजार करने लगे.

तभी समुद्र की एक बड़ी उफनती हुई लहर आई जो उसके जिस्म को पूरी तरह पानी में डुबा गई और फिर जब वह लहर वापस लौटी तो पीछे छोड़ गई मेरी पत्नी का पूर्णतया निर्वस्त्र फैला हुआ जिस्म!

यह सब कुछ देखना बहुत ही उत्तेजक लगा लेकिन तभी मेरी पत्नी चिल्लाते हुए एकदम उठ बैठी और उसने अपनी चूत के ऊपर हाथ रख दिए. हम समझ नहीं पाए कि क्या हुआ लेकिन वह बहुत परेशान लग रही थी.

मैंने पूछा- क्या हुआ?
इधर दोस्त भी घबरा गया और उसकी पत्नी भी।
उसकी पत्नी ने मेरी बीवी की चूत से उसके हाथ हटाकर उसकी चूत को खोलकर देखा तो पता पड़ा कि उसकी चूत में काफी अंदर तक समुद्र की रेत चली गई है!

हमने भी देखा कि उसकी चूत में काफी ज्यादा रेत भर गई थी और उसे तकलीफ हो रही थी. हमारी सारी मस्ती हवा हो गई. हम लोग कुछ समझ नहीं पा रहे थे कि अब क्या किया जाये?

हमारी यह उत्तेजना की चाहत मेरी बीवी के लिए शामत बन गई थी. हम सभी ने उसकी चूत पर फ्रेश पानी डाल-डाल कर चूत से रेत बाहर निकालने की कोशिश की.
फिर हम लोग वहां ज्यादा देर नहीं रुके और सीधे होटल के रूम में आ गए लेकिन उसको तकलीफ अभी भी थी. यह सब पता पड़ रहा था उसके चलने के अंदाज से।

दोस्तो, हमारा वह कपल दोस्त और उसकी वाइफ अब डॉक्टर के अवतार में आ गए और बोले- इसको नजरअंदाज करना सही नहीं है. ज्यादा प्रॉब्लम हो सकती है. हमें पूरी तरह से चूत को क्लीन करना ही होगा.
“चूत को क्लीन करना होगा!”
यह सुन कर मेरी वाइफ घबरा गई, शर्मा गई.

जो लड़की कुछ देर पहले तक खुले बीच पे बिंदास बनी हुई थी; अब थोड़ा थोड़ा घबरा रही थी.
लेकिन उन्होंने कहा- यह बहुत नाजुक हिस्सा है आगे प्रॉब्लम हो सकती है.
और फिर उसकी वाइफ ने भी कहा- ये तो खुद गाइनेकोलॉजिस्ट हैं और बहुत पर्फेक्ट हैं अपने काम में … और मैं खुद भी तो साथ में हूं.
मेरी बीवी कुछ आश्वस्त हुई, उसने नाइटी पहन ली.

हम लोग होटल के बाथरूम में चले गए. बहुत बड़ा बाथरूम था.
वहां जाकर मेरी पत्नी को मेरी गोदी में सिर रख कर लिटा दिया गया. उसकी वाइफ ने मेरी पत्नी की नाइटी एकदम ऊपर कर दी और फिर पेंटी भी उतार दी. अब एक बार फिर मेरी पत्नी लगभग निर्वस्त्र हो चुकी थी.

अब डॉक्टर ने उसके दोनों पैरों को यथासंभव चौड़ा करने को बोला. यह बहुत ही शर्मनाक स्थिति थी लेकिन जरूरी थी.

मेरी पत्नी ने अपने दोनों पैरों को ऊपर किया और मैंने उसके पैरों के ज्वाइंट में अपने हाथ फंसा कर उसकी चूत को एकदम पूरी तरह से खोल दिया क्योंकि मुझे बोला गया कि मैं उसके दोनों पैरों को जितना ज्यादा चौड़ा कर सकता हूं, करके पकड़ लूं.
मैंने ऐसा ही किया. अब उसकी चूत पूरी तरह से खुल गई थी.

मेरी पत्नी इस समय निहायत ही शर्मनाक स्थिति में थी. उसके दोनों पैर चौड़े थे और चूत एकदम खुली हुई थी. उसके बाद बाथरूम में गांड साफ करने वाला प्रेशर वाटर जेट लेकर मेरी वाइफ की चूत में पानी की तेज़ धार डाली गई और वह डॉक्टर दोस्त मेरी बीवी की चूत में अंदर तक दो उंगलियाँ डालकर रेत का एक-एक कण बाहर निकाल रहा था.

इस काम में उसकी पत्नी भी उसका सहयोग कर रही थी. और अपनी चूत में पराए मर्द के स्पर्श और अंदर हाथ डालने से मेरी पत्नी और उसे देख रही मेरे दोस्त की पत्नी और हम दोनों मर्द यानि हम चारों बहुत ज्यादा उत्तेजित होने लगे. मेरा लंड खड़ा हो गया था.
मेरी बीवी को भी मज़ा आ रहा था.

माहौल उत्तेजक हो गया. डॉक्टर मरी बीवी की चूत में अंदर तक उंगलियाँ डालकर सहला रहा था. उसका यह सब करना मेरी पत्नी को बहुत आनंद ले रहा था क्योंकि उसकी आहें और सिसकारियां निकलने लगी थी.

अब मैंने टोका- हो गई साफ?
जवाब मेरी बीवी ने कहा- नहीं … नहीं हुई, करते रहो!
मैंने पूछा- पूरी तरह से साफ हो जाएगी ना?
क्योंकि पानी की धार भी लगातार उसकी चूत में बहुत अंदर तक जा रही थी.

तब डॉक्टर बोला- हां शायद हो गई साफ … लेकिन इसे पूरी तरह से चेक करना पड़ेगा. और इसका ज्यादा सही तरीका यह है कि कोई इसकी चूत पर मुंह रख कर जोर से सकिंग करें और जीभ अंदर तक डालें क्योंकि महीन रेत जीभ पर ही चिपक कर बाहर आ सकती है.
मेरी वाइफ की चूत में वासना की आग लग चुकी थी. वह उसे बोली- आःह्ह ओह … तो करो ना … तुम डॉक्टर किस काम के हो?

वह मुझ से बोला- आप भी कर सकते हो!
मेरी पत्नी तुरंत बोली- नहीं, इनके बस की बात नहीं है; डॉक्टर तुम हो तो तुम ही करो.

डॉक्टर ने एक नजर अपनी बीवी की तरफ डाली, उसकी बीवी भी शरारत से बोली- हां हां कर सकते हो! तुम चूत चूसने में बड़े उस्ताद हो, मुझे पता है.

और फिर उसने काफी सारा पानी उसकी चूत में भरकर अपना मुंह उसकी चूत के होठों पर रख दिया और कस के चूत का रस चूसने लगा.

आनन्द भारी चीख निकल गई मेरी बीवी की!
यह सब करतब देख कर डॉक्टर वाइफ भी आहें भरने लगी.

साल कमीना डॉक्टर बहुत ही तल्लीनता से मेरी बीवी की चूत अंदर तक जीभ घुसा घुसा के चूस रहा था.
मेरे नजदीक खड़ी उसकी वाइफ उत्तेजना के मारे मुझ से सट गई.

जब डॉक्टर मेरी बीबी की चूत को भरपूर चूस चुका तो बोला- बोला हो गई क्लीन तो!
लेकिन मेरी वाइफ की चूत सुलग चुकी थी, वो बोली- ऐसे कैसे पता कि क्लीन हुई या नहीं?
यह कहते हुए उसने अपनी चूत में उसके चेहरे को भींच लिया.

उसने अपना चेहरा उसके पैरों के बीच से निकाला और बोला- अब यह तो सेक्स करके ही पता चलेगा. अंदर मर्द की मलाई जायेगी तो रेट अगर कुछ अंदर हुई तो उसमें लिपट कर बाहर आ जायेगी.
वह एकदम बैठ गई और गिरेबान से उसे पकड़ कर अपनी तरफ खींचती हुई बोली- तो फिर करो ना डॉक्टर बाबू; ऐसे अधूरा इलाज मुझे पसंद नहीं है.

उसके मुंह से यह सुनते ही बाथरूम में सन्नाटा सा छा गया और उत्तेजना के मारे मेरा और उसकी वाइफ का भी बुरा हाल था.
और इस बार हम लोग खुले बीच पर नहीं बल्कि बंद बाथरूम में थे.

तो फिर सबका संकोच जाता रहा.
मैंने यह भी नोट किया कि उसकी वाइफ चिढ़ने के बजाए खुद भी उत्तेजित हो रही थी आनंद ले रही थी. आजकल की खुले विचारों वाली औरतें सेक्स संबंधों को लेकर बहुत बिंदास हो गई हैं.

एक मेरी वाली लगभग नंगी पड़ी थी सेक्स के लिए तैयार!

डॉक्टर ने कहा- तो फिर सेक्स तो सेक्स के तरीके से ही होगा मैडम!
और यह बोलते हुए उसने अपनी वाइफ को इशारा किया और उसकी वाइफ ने मेरी वाइफ की नाइटी पूरी की पूरी उतार कर उसे पूर्णतया नग्न कर दिया और फिर मुझे बोला- मैडम को बेडरूम में ले चलते हैं.

हम दोनों उसके नंग धड़ंग जिस्म को डन्गा डोली करते हुए बिस्तर पर ले आए और इस बार डॉक्टर की वाइफ ने मेरी बीवी के पैर ऊंचे और चौड़े कर दिए.
और यह देख कर मेरा उत्तेजना के मारे खुद बहुत बुरा हाल था; यह एक जबरदस्त सेक्स अनुभव होने वाला था हम सभी के लिए.

अब तक डॉक्टर महाशय खुद को नग्न कर चुके थे, उसका लन्ड विकराल रूप में तन तना रहा था, खड़ा हुआ था.

और फिर उसकी पत्नी ने उसे आमंत्रित किया- आओ डॉक्टर साब … अपनी मरीज का इलाज शुरू करो!
डॉक्टर आगे बढ़ा और मेरी पत्नी के ऊपर सवार हो गया. उसका लंड मेरी बीवी की चूत के द्वार पर दस्तक दे रहा था.

उसकी बीवी ने अपने पति का लंड पकड़ा और मेरी बीवी की चूत पर रगड़ने लगी. लंड के सुपारे से चूत की भगनासा को मसल मसल के सहलाया. मेरी बीवी की चूत अब अपना चिकना पानी छोड़ रही थी और लंड को निगलने के लिए खुल चुकी थी, खिल चुकी थी.

और तब डॉक्टर की बीवी ने अपने पति को कहा- मेरा बागड़बिल्ला … ठोक दे अपना किल्ला!

डॉक्टर ने बहुत ही आहिस्ता से अपना लन्ड मेरी बीवी चूत की चूतराई में धंसा दिया. उसकी चीख निकल गई, आनन्द के मारे वो पैर पटकने लगी.

और अब मेरी बारी थी … वासना की आग में जल रही उसकी युवा पत्नी को मैंने आलिंगन में लिया और उसे भी निर्वस्त्र किया जिसमें उसने मुझे भरपूर सहयोग किया.

और फिर मैंने भी अपने आपको नंगा किया और वासनामयी प्रेमालाप के साथ शुरुआत कर दी.

अब दो नग्न जोड़े अदला बदली के साथ एक ही बिस्तर पर संभोग क्रिया का आनंद ले रहे थे.

दोस्तो, जब से हम आपस में मिले थे, हम दोनों के ही दिल में पत्नी की अदला बदली का ख्याल था.
लेकिन कैसे?
यही सोच रहे थे.

और अब पत्नी की चूत में रेत की आफत या शामत जो भी थी … हम सब के लिए नियामत बन गई थी.
मेरी पत्नी की चूत को भी शायद आराम आ गया था, रेत से निजात मिल चुकी थी क्योंकि डॉक्टर ने अपना सारा वीर्य मेरी बीवी की चूत में छोड़ दिया था.

इधर मैंने भी डॉक्टर की बीवी को चोद कर उसे चरमसीमा तक पहुंचा दिया था.

जब डॉक्टर मेरी बीवी के नंगे बदन पर से उठा तो उसकी बीवी ने मुझे उसके ऊपर से हटने को कहा.
मैं हट गया. मेरा वीर्य उसकी चूत में से बह कर बाहर आ रहा था लेकिन उसने इसकी परवाह नहीं की और वो एक साफ़ नेपकिन लेकर मेरी बीवी की ओर बढ़ी.

उसने उस नेपकिन से मेरी बीवी की चूत में से बह रहे अपने पति के वीर्य को पौंछा और फिर ध्यान से नेपकिन पर लगे वीर्य को देखने लगी.
तभी उसने हम दोनों को संबोधित करते हुए कहा- देखो, इसमें रेत के कण हैं.

हम दोनों ने देखा तो सच में वीर्य में रेत था.

मेरी बीवी बोली- देखा … हमने ठीक किया ना!

मैंने और मेरी पत्नी ने सोचा भी नहीं था कि थोड़ी सी मस्ती इतनी महंगी पड़ जाएगी. लेकिन उस कपल ने अपने काम को बखूबी अंजाम दिया.

उस दिन हम लोगों को यह सीख मिली कि कामुक मस्ती में होश नहीं खोना चाहिए वरना लेने के देने भी पड़ जाते हैं. कामुक मस्ती में सावधानी भी उतनी ही जरूरी होती है वरना ऐसी स्थिति किसी के साथ बनने में भी देर न लगेगी.

तो मेरे प्यारे दोस्तो, यदि आप लोगों के पास भी ऐसा ही कोई वाकया हो तो मुझे जरूर मेल करना और इस उत्तेजक किस्से पर अपनी राय से मुझे अवगत कराना. आपका अपना अरुण।
[email protected]

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