कमसिन जवान लड़की की बुर की सील तोड़ दी

(Kamsin Jawan Ladki Ki Bur Ki Seal Tod Di)

दोस्तो.. मेरा नाम लव है.. मैं 22 साल का हूँ। मैं बहुत क्यूट और शरीफ हूँ और मैं हमेशा सज-धज कर रहता हूँ.. तो लड़कियाँ मुझे बहुत पसंद करती हैं।
अन्तर्वासना पर बहुत सारे लोगों ने अपने अनुभव हिन्दी सेक्स स्टोरी के रूप में शेयर किए हैं। आज मैं भी आपके साथ हुआ एक अनुभव शेयर करने जा रहा हूँ।

बात दो साल पुरानी है। मैं घर से बाहर जयपुर पढ़ाई करने के लिए आया था और जयपुर मैं एक फ्लैट किराए पर लेकर अकेला रहता था।
मेरे सामने वाले फ्लैट में एक फैमिली रहती थी.. जिसमें आंटी-अंकल.. एक 12 साल का लड़का और 18 साल की लड़की रहते थे।

उस लड़की का नाम जैस्मिन था.. हम दोनों एक-दूसरे को देखा करते थे लेकिन बात करने की हिम्मत कभी नहीं हुई।
वो दिखने में बहुत ही मस्त.. एकदम गोरी और स्मार्ट थी, मैं उसे चोदने की सोचता तो था.. पर बहुत डरता था।

जैस्मिन केवल 18 साल की थी.. पर दिखने में वो किसी मॉडल से कम नहीं लगती थी।

एक दिन मैंने ही आगे बढ़कर उससे बात की और हम दोस्त बन गए, हम एक-दूसरे के घर आने-जाने लगे।
जैस्मिन का भाई पढ़ने के लिए मेरे पास आ जाया करता था.. तो आंटी-अंकल भी मुझ पर भरोसा करने लगे।

कमसिन जवान लड़की को पूरी नंगी देखा

एक दिन की बात है.. जैस्मिन अपने कमरे में थी। मैंने उससे आवाज़ लगाई तो उसने कोई जबाव नहीं दिया। मैं उसके कमरे में चला गया.. तो देखा कमरा अन्दर से बंद था। मैंने की-होल से झाँका तो देखा कि वो एकदम न्यूड यानि पूरी नंगी थी। शायद वो अपने कपड़े बदल रही थी।

उसे नंगी देख कर मैं पागल हो गया.. क्योंकि मैंने जिन्दगी में पहली बार किसी लड़की को बिना कपड़ों के देखा था।
क्या चूचे थे उसके.. एकदम दूध की तरह गोरे और बहुत ही बड़े-बड़े और उसकी बुर एकदम साफ दिख रही थी।

मैं तो देख कर एकदम पागल ही हो गया। मैं जल्दी से अपने घर बाथरूम भागा और मुठ मारने लगा। उसके बाद तो मेरी उसे चोदने की ललक और बढ़ गई।
मैं हमेशा ही उससे मज़ाक करता रहता था.. पर उसके शरीर को कभी छुआ नहीं था।

एक दिन की बात है.. मैं उसके कमरे में गया.. वो अपनी स्टडी कर रही थी।
मैं बोला- क्या तुम मेरा सर दबा सकती हो.. बहुत दर्द कर रहा है।
उसने पहले सोचा.. फिर कहा- ओके..

आई लव यू

मैं बिस्तर पर लेट गया और वो मेरा सर दबाने लगी।
कुछ देर के बाद मैंने उसको बोला- मैं तुमसे एक बात कहना चाहता हूँ।
उसने कहा- ठीक है बताईए..
‘तुम गुस्सा तो नहीं होगी..?’
उसने कहा- नहीं..

मैंने उसका हाथ पकड़ कर बोला- मैं तुमसे बहुत प्यार करता हूँ।
तो वो चुप हो गई..
मैंने पूछा- क्या हुआ?
उसने बोला- प्यार तो मैं भी आपसे करती हूँ.. पर मुझे बहुत डर लगता है कि अगर घर में किसी को पता चला तो बहुत मार पड़ेगी।

मैंने कहा- हम किसी को नहीं बताएँगे और ऐसा कोई काम नहीं करेंगे.. जिससे किसी को पता चलेगा।
तो उसने कहा- यह ठीक है।
उसके बाद मैंने तकिया उसके नजदीक किया और उसकी तरफ मुँह करके लेट गया।

मैंने धीरे से अपना एक हाथ उसके एक मम्मे पर रख दिया और उसके लिप पर किस किया।
उसने कहा- यह ज़रूरी है क्या?
मैंने कहा- हाँ.. मुझे कैसे विश्वास होगा कि तुम भी मुझसे प्यार करती हो?
उसने कहा- ठीक है।

इसी तरह रोज का सिलसिला चलता रहा.. पर इससे ज्यादा कुछ करने की हिम्मत ना हुई। हम साथ में स्टडी किया करते थे.. एक बार वो स्टडी करते-करते सो गई और धीरे से मैंने उसके गालों को सहलाना शुरू कर दिया, वो थोड़ा सा हिली और फिर सो गई।
फिर मैंने उसको किस किया और बांहों में भर लिया।

धीरे से मैंने एक हाथ उसके मम्मों पर रख दिए और धीरे-धीरे दबाने लगा। वो नींद में थी.. मैंने थोड़ा और कसके दबाया.. तो वो जाग गई और उठ कर बैठ गई।
उसने मना कर दिया.. बोली- मुझे ये सब पसंद नहीं है।

मैंने उससे ‘सॉरी’ बोला और अपने फ्लैट में आ गया, उसके बाद मैंने उससे बात करना बंद कर दिया।

उसने भी दो दिन तक बात नहीं की। उसके बाद वो एक दिन मेरे फ्लैट में आई और बोली- आप मुझसे गुस्सा हो क्या?

सील बन्द बुर की पहली चुदाई

मैं कुछ नहीं बोला.. तो वो मेरे पास आई और मेरे होंठों पर किस किया.. तो मैं सारा गुस्सा भूल गया। क्योंकि वो किस मुझे बहुत अच्छा लगा।

जैस्मिन थोड़ी देर में आने का प्रॉमिस करके चली गई.. और मैं उसके आने का इंतज़ार करने लगा।

जब थोड़ी देर में वो मेरे फ्लैट में आई.. तो मैंने उसे किस करना शुरू कर दिया। मैं पागलों की तरह उसे किस करने लगा और उसके होंठों को चूसने लगा। फिर धीरे से मैंने अपना एक हाथ उसके मम्मों पर रख दिया और उन्हें दबाने लगा।

मेरा लंड तो एकदम से खड़ा हो गया। मैं बहुत ज्यादा उत्तेजित हो गया और ज़ोर-ज़ोर से उसके मम्मों को मसलने लगा।
तो वो चिल्लाई- दर्द हो रहा है.. धीरे करो।

मैंने कुछ नहीं सुना और ज़ोर-ज़ोर से उसके मम्मों को मसलता रहा और उसे किस करता रहा। फिर वो भी धीरे-धीरे उत्तेजित हो गई और मेरा साथ देने लगी।

मैंने उसकी टी-शर्ट को उतार दिया।

उसके बाद तो मैं पागल हो गया। क्या मस्त मम्मे थे.. उसके! वो काले रंग की ब्रा पहने हुए थी।
मैं ऊपर से ही उससे कस कर दबाने लगा और चूसने लगा।

मैंने उसकी ब्रा को कस कर खींचा और ब्रा का हुक तोड़ दिया, अब मैं उसके होंठों को छोड़कर मम्मों पर आ गया, मैं बारी-बारी से मम्मों को चूसने तथा चुभलाने लगा।

करीब पन्द्रह मिनट तक उसकी चूचियों को चूसने और मसलने के बाद मैंने उसकी पैन्टी को भी उतार दिया। अब वो बिल्कुल नंगी मेरे बिस्तर पर पड़ी थी।

मुझसे अब रुका नहीं जा रहा था और मेरा लन्ड मेरी पैन्ट को फाड़ कर बाहर आने को बेताब था। उसे मैंने अपनी पैन्ट उतार कर बाहर निकाला और जैस्मिन के हाथ में पकड़ा दिया।

जैस्मिन के हाथ मेरे लंड को पकड़ कर काँप रहे थे, शायद उसने पहली बार किसी लंड को पकड़ा था। मैंने जैस्मिन की टाँगों को चौड़ा किया और उसकी बुर को चाटना शुरू कर दिया। अब जैस्मिन की मादक आवाजें और भी तेज हो चुकी थीं।

दस मिनट मैं उसकी बुर को चूसने लगा और जैस्मिन से अपना लंड चूसने को कहा। पहले तो उसने पहले मना किया.. पर बाद में वो मान गई और हम 69 की स्थिति में हो गए। जैस्मिन गन्ने की तरह मेरे लंड को चूसने लगी.. शायद उसे भी मेरे लौड़े का टेस्ट अच्छा लगा। मस्ती के मारे वो ‘आहह.. उम्म्ह… अहह… हय… याह…’ करने लगी।

तभी मुझे एक आईडिया आया.. मैं उसे रूकने को कह कर दौड़ता हुआ किचन में जाकर लिक्विड चॉकलेट का डिब्बा लेकर आया। मैंने उसमें से थोड़ा चॉकलेट सीरप निकालकर उसकी बुर पर लगाया और बुर को चूसने लगा और वो मादक आहें भरने लगी ‘आऽऽ उऽऽऽ आईऽऽऽ..’

मैंने उसकी बुर पर ढेर सारा चॉकलेट सीरप डालकर चाटना शुरू किया.. तो बुर का रस और चॉकलेट का टेस्ट मिक्स होकर अलग ही टेस्ट आ रहा था.. इस सब में मुझे बहुत मज़ा आ रहा था।

अब तो वो जल बिन मछली की तरह तड़पने लगी और आहें भरने लगी, वो अब मेरे सामने लगभग गिड़गिड़ाने लगी.. मुझे भी उस पर तरस आ गया।
मैंने उसकी बुर में उंगली डाली तो वो एकदम टाइट थी.. जैसे ही मेरी उंगली अन्दर घुसी.. वो उछल पड़ी और बोली- दर्द हो रहा है।

मैंने बोला- चुप रहो.. कुछ नहीं होगा।

मैंने अपना लंड उसकी बुर पर लगाया और दबाव डाला तो लंड उसमें घुस ही नहीं रहा था। फिर मैंने थोड़ा सी क्रीम अपने लंड पर लगाई और उसकी बुर पर भी लगाई, तब मैंने अपने लंड को बुर पर रख कर हल्का सा धक्का दिया।

सुपारे के घुसते ही वो चिल्ला उठी और रोने लगी- बहुत दर्द हो रहा है प्लीज़ मुझे छोड़ दो।
मैं बोला- कुछ नहीं होगा बेबी.. अभी तुम्हें भी बहुत मज़ा आएगा।

मैं उसे किस करने लगा और कुछ देर के बाद एक जोरदार धक्का लगाया और मेरा लंड आधा उसकी बुर में चला गया और उसकी बुर से खून निकलने लगा।
वो चिल्ला रही थी- प्लीज़ छोड़ दो.. मैं मर जाऊँगी।

मैंने उसके मुँह पर अपने मुँह को लगाया और ज़ोर-ज़ोर से किस करने लगा.. ताकि उसके मुँह से आवाज़ नहीं निकले। फिर कस कर एक धक्का दिया और मेरा पूरा लंड उसकी बुर में समा गया।
वो दर्द से छटपटा रही थी, मैं कुछ देर के लिए उसी तरह शान्त रहा और उसे चूमता रहा।

कुछ देर बाद जब वो शांत हुई.. तो मैंने धीरे-धीरे शॉट लगाने शुरू कर दिए और उसके मम्मों को सहलाता रहा। उसे अब भी दर्द हो रहा था.. पर उससे अब मज़ा आ रहा था।

कुछ देर के बाद वो भी मेरा साथ देने लगी, मैंने अपनी रफ़्तार बढ़ा दी, वो भी अपने चूतड़ों को हिलाने लगी और वो मादक सीत्कार करने लगी ‘आऽय ऊऽऽ ईऽऽ आईऽऽऽ वोऽऽ’

मैंने पूछा- मज़ा आ रहा है..
तो उसने कहा- हाँ..
कुछ मिनट की चुदाई के बाद उसने मुझे कस कर पकड़ लिया और बोली- और ज़ोर से करो ना..
मैंने फिर अपनी रफ़्तार और बढ़ा दी और करीब 5 मिनट के बाद मेरा होने वाला था, मैंने कहा- मेरा होने वाला है..
तो उसने बोला- मुझे भी कुछ अजीब सा फील हो रहा है.. जैसे कुछ निकलने वाला है..

और कुछ देर के बाद वो शांत हो गई.. वो झड़ चुकी थी। मेरा होने वाला था.. तो मैंने अपना सारा माल बुर में ही गिरा दिया.. वो बहुत खुश दिख रही थी।

मैंने पूछा- कैसा लग रहा है?
उसने बोला- बहुत मज़ा आया।

जैसे ही वो बिस्तर से उठी और बिस्तर पर ढेर सारा खून देखा तो वो डर गई।
मैंने बेडशीट हटाई और उसे नंगी ही बाथरूम ले गया और अपने हाथ से उस की बुर साफ की.. उसे भी ये अच्छा लगा।
बुर साफ करते-करते मेरा लंड फिर से खड़ा हो गया। मैंने उससे बोला- मैं फिर से रेडी हूँ..
तो उसने भी साथ देते हुए बोला- मुझे भी फिर से करना है।

मैंने उसे गोदी में उठाया और बेड पर ले आया। इस बार मैंने पोर्न मूवी की एक स्टाइल फॉलो की.. और उसके दोनों पैरों को अपने कंधों पर रख लिए और उसे खूब चोदा।

करीब 15 मिनट की चुदाई के बाद हम दोनों एक साथ झड़ गए, फिर एक साथ नहाए और वो अपने घर चली गई।

उसके बाद हमें जब भी मौका मिलता.. हम सेक्स करते।
कुछ महीने बाद उसके पापा का ट्रांसफर दिल्ली हो गया और वो पूरी फैमिली सहित वहाँ शिफ्ट हो गई, मैं फिर से अकेला रह गया।

मुझे ईमेल जरूर करें और बताएं.. कि कैसी लगी मेरी पहली हिन्दी सेक्स स्टोरी।

धन्यवाद।
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