चूत की आग के लिए मैं क्या करती-10

सुनीता ने सुनील का लिंग मुँह में ले लिया, मैंने रवि का! सुशील अकेला था तो सुनील ने उसको पास बुलाया और सुनील ने सुशील का लिंग मुँह में ले… [Continue Reading]

चूत की आग के लिए मैं क्या करती-9

फिर हम लेटे लेटे बात करने लगे, मैंने कहा- कल और मजा आएगा, कल सुशील भी आ जायेगा। सुनीता- अब यह सुशील कौन है? मैंने कहा- यहीं पास में रहता… [Continue Reading]

चूत की आग के लिए मैं क्या करती-8

प्रेषिका : सुरभि तिवारी सुनील आ गया। मैंने उन दोनों का परिचय करवाया। खाना बना हुआ था, हमने साथ बैठ कर खाना खाया। बात करते हुए मैंने सुनील से कहा-… [Continue Reading]

चूत की आग के लिए मैं क्या करती-6

घंटी बजी, दरवाजा खोला तो दूध वाला था। दूध लिया, बाहर देखा तो सुशील मेरी तरफ़ ही देख रहा था, मैंने उसको कहा- सुशील, चाय पीनी हो तो आ जाओ!… [Continue Reading]

चूत की आग के लिए मैं क्या करती-5

विनोद बोला- हाँ! आज मैं कोशिश करूँगा कि तुमको चरम तक पहुँचा दूँ! और एक बार और हम सेक्स करने लगे। विनोद ने आज जादू करने का मन बना लिया… [Continue Reading]

चूत की आग के लिए मैं क्या करती-4

वो मुझे गोद में उठाकर अंदर आ गया, आते ही उसने मेरे सारे कपड़े उतार दिए और मेरी चूत चाटने लगा। मुझे लगा कि आज विनोद नहीं और कोई मेरे साथ सेक्स कर रहा है!

चूत की आग के लिए मैं क्या करती-2

सुनील ने कहा- भाभी, अब तुम कभी प्यासी नहीं रहोगी, अब तुम जब भी बुलाओगी, आपका यह सेवक हाजिर रहेगा! विनोद के आने के बाद जब भी वो बाहर रहता… [Continue Reading]

चूत की आग के लिए मैं क्या करती-1

मेरा नाम सुरभि है, वैसे तो मैं अन्तर्वासना की कहानियों को नहीं जानती थी पर एक बार मेरे किसी दोस्त ने चैटिंग करते हुए इसके बारे में और साईट की… [Continue Reading]