भाभी संग मेरी अन्तर्वासना-4

भाभी और मेरे बीच दोपहर में जो हुआ था, मैं उसे ही सोच कर अपने आप उत्तेजित हो रहा था, जल्दी से रात होने का इन्तजार कर रहा था। रात हुई तो भाभी ने क्या किया?

भाभी संग मेरी अन्तर्वासना-3

दोपहर को सोते हुए मैंने देखा कि सिर्फ़ ब्लाऊज़ पेटिकोट में भाभी मेरी बगल में सो रही थी। मैं उनके बदन को छूने लगा, ब्लाउज़ खोल कर चूचियाँ चूसने लगा।

भाभी संग मेरी अन्तर्वासना-2

भाभी ने मुझे अपने बेड पर सुलाने का इन्तजाम कर लिया। दो दिन मैं उनके साथ सोया, उनके बदन को छुआ, स्खलित भी हुआ। लेकिन तीसरे दिन मु्झे भाभी की नंगी चूचियाँ मिली।

भाभी संग मेरी अन्तर्वासना-1

यह कहानी है मेरी भाभी की जब वो दुल्हन बन कर हमारे घर आई थी, मुझे बहुत अच्छी लगती थी पर मेरे मन में कोई बुरा विचार नहीं था लेकिन कैसे मेरी अन्तर्वासना उनके प्रति जागृत हुई, इस कहानी में!