भैया गये दुबई, भाभी ने मुझसे चुत चुदवाई

नमस्कार मेरा नाम प्रथम सोनी है, मैं जमशेदपुर का रहने वाला हूँ मैं हैदराबाद में रहकर DBA कर रहा हूँ।

यह स्टोरी पिछले महीने मेरे बर्थडे के बाद की है। मैं अपने बर्थडे से कुछ दिन पहले ही हैदराबाद से जमशेदपुर वापस आया था।
सब कुछ अच्छा ही चल रहा था। जब मैं वहाँ से आया, तो हमारे बगल वाले फ्लैट में कोई नया परिवार आया हुआ था, उसमें पति (जो दुबई में है), पत्नी और दो बेटियाँ हैं।

दोनों बेटियाँ छोटी हैं और भाभी अकेले रहने की वजह से हमेशा गुस्से में रहती थी, किसी से बात भी नहीं करती थी।

जब मैं जमशेदपुर से आया तो मैंने उन्हें देखा, दिखने में ठीक-ठाक ही थी, गोरी, स्लिम, छोटे-छोटे स्तन, गोल चूतड़… मेरा तो बाबू (लंड) खड़ा हो जाता था जब कभी उनको देखता था, हमेशा सोचता था कि वो अकेली रहती है.. काश मेरे से पट जाए, तो मज़ा
ही आ जाए!

ऐसे ही एक दिन वो कहीं मार्किट से आ रही थी अकेली, मैं नीचे ही खड़ा था, जब वो लिफ्ट के पास पहुँची, तो मैंने देखा.. वो बहुत सारा सामान लिए हुए थी जिसे उठाने में उनको तकलीफ हो रही थी।
मैंने सोचा कि हेल्प कर दूँ, फिर सोचा कि कहीं वो गलत ना समझे तो मैंने अनदेखा कर दिया पर उन्होंने मुझे खुद ही कहा- प्लीज थोड़ी हेल्प कर दीजिये सामान पहुँचाने में!

मैंने हेल्प कर दी, सामान लेकर हम दोनों लिफ्ट में चले गये, तब तक कोई बात नहीं हुई थी हमारे बीच!
जब हम लोग उनके घर पहुँचे और जब वो फ्लैट का लॉक खोल रही थी तो मेरा ध्यान सिर्फ उनके चूतड़ों पर था और मेरा लंड खड़ा हो चुका था।
मेरी एक आदत है, जब भी मैं घर पर होता हूँ तो सिर्फ शॉर्ट्स ही पहनता हूँ बिना अंडरवियर के… तो मेरा लंड साफ़ खड़ा महसूस हो रहा था। उन्होंने उस वक्त तो ध्यान नहीं दिया और हम लोग अन्दर चले गये।
उन्होंने कहा- अन्दर वाले रूम में रख दो!
तो मैं सामान अन्दर वाले रूम में रखकर वापस आ रहा था पॉकेट में हाथ डाल कर ताकि उनको मेरा लंड ना दिखे।

मैं जब घर जाने लगा तो उन्होंने मुझे कहा– प्लीज रुको, मैं अभी आई!
मुझे लगा कि उन्हें कुछ काम होगा तो मैं रुक गया, वहीं ड्राइंगरूम में सोफे पर बैठ गया।

5–7 मिनट के बाद वो आई और हाथ में दो ग्लास थे, वो कोल्ड ड्रिंक लेकर आई थी।

फिर उन्होंने पूछा कि तुम क्या कर रहे थे हैदराबाद में?
मैं शॉक हो गया कि इनको कैसे पता कि मैं हैदराबाद में था जबकि मैंने कभी इन्हें किसी से बात करते हुए नहीं सुना था और ना ही कभी उनको किसी के घर जाते हुए या किसी को उनके घर आते हुए नहीं देखा था।

मैंने कहा- डी बी ए करने गया था।
मैंने उनको पूछा- आपको कैसे मालूम कि मैं हैदराबाद में था?
तो वो बोली- मैंने तुम्हारी मम्मी को बात करते सुना था कि तुम आ रहे हो हैदराबाद से!

फिर उन्होंने डी बी ए की डिटेल्स पूछे कि कितने महीने का कोर्स है एंड आल!
फिर पूछा- आगे का प्लान क्या है?

मुझे लगा कि कहाँ भाभी मेरा कान चोदे जा रही हैं, मैं तो उन्होंने चोदना चाहता था और वो मेरी कान चोद रही थी।

फिर उन्होंने कहा- वहाँ गर्लफ्रेंड बनाई होगी!
तो मैंने स्माइल कर दी, मुझे देखकर वो बोली– बोलो ना… कुछ किया भी था या नहीं?
मैंने फिर से स्माइल कर दी.
मेरी स्माइल देखकर वो जिद करने लगी कि मेरी गर्लफ्रेंड कौन थी, कैसी थी और मैंने क्या क्या किया?

मैं सोचने लगा कि ये तो ज्यादा फ्रेंक हो रही हैं, अगर मैं इसे डिटेल में बता दूँ तो हो सकता है ये गरम हो जाएँ और मुझे कुछ मिल जाए।
मैं थोड़ा नाटक करने लगा कि भाभी ऐसा कुछ भी नहीं है और शर्माने लगा, वो मुझे बोली– ज्यादा झूठ मत बोलो, मुझे तुम्हारी स्माइल को देखकर ही पता चल गया था।
तो मैंने कहा– भाभी, अगर आपको बताया तो आप मुझे एक बुरा लड़का समझोगे और मैं नहीं चाहता कि आपके सामने मेरी इमेज ख़राब हो।
उन्होंने कहा- ऐसा नहीं होगा, तुम बस बताओ!

मैंने उनसे वादा लिया और बताया कि वहाँ एक मैरिड लेडी को उसके हस्बैंड के सामने चोदा था। वो शॉक हो गई और मुझे ऊपर से नीचे तक देखने लगी।

फिर वो बोली- तुम शक्ल से शरीफ लगते हो और तुम इतने बड़े…!!
यह बोलकर वो चुप हो गई तो मुझे लगा कि अब थोड़ा इमोशनल अत्याचार का यूज़ करूँ… तो मैंने कहा- मैंने पहले ही कहा था कि आप मुझे बहुत बुरा लड़का समझोगी!
यह बोलकर मैं बाहर चला गया।
उन्होंने एक–दो आवाज़ दी पर मैंने उन्हें अनसुना कर दिया और उनके घर से निकल गया।

फिर दो दिन बाद उनसे फिर से लिफ्ट में मिला, मैं ट्यूशन से आ रहा था और वो कुछ काम से नीचे आई थी, हम लोग साथ में लिफ्ट में गये, उन्होंने मुझे सॉरी कहा और फिर मुझसे अपने घर चलने को कहा।
मैंने कहा- आप चलो, मैं घर पर अपना बैग रखकर आता हूँ।

जब मैं उनके घर पर गया तो उन्होंने मुझे बैठाया और मुझे पूरी डिटेल्स बताने के लिए मनाने लगी कि किस तरह से मैंने उस
लेडी को चोदा था।
मैंने भी सारी डिटेल्स उनको बता दी कि किस तरह से मैंने उनकी चूत चाटी और अपने लंड को चुसवाया और फिर उनको चोदा।
वो गरम होने लगी थी और मेरा लंड भी खड़ा होने लगा था।

उन्होंने मुझे कहा- तुम्हारा शेर तो अभी भी उसके बारे में याद करके खड़ा हो गया, अब तुम क्या करोगे?
मैंने कहा– कुछ नहीं, जब हाथ सलामत तो अरमान यूँ ही निकल जायेंगे।
तो वो हंसते हुए कहने लगी- और अगर कोई मिल जाए तुम्हें, तो तुम क्या करोगे?
मैंने झट से कहा- आफत कर दूंगा, उस लेडी को खुश कर दूंगा।

अब वो चुपचाप उठी, मेरे पास आई और बिना कुछ बोले मेरी गोद में बैठकर मुझे चूमने लगी।
मैंने तुरंत उन्हें हटाया और पूछा- आपकी बेटियाँ हैं, वो कहाँ हैं?
वो बोली– उनको मैं उनकी नानी के घर छोड़ आई हूँ उनकी वेकेशन के लिए!

तो मैं खुश होकर उन्हें जोर जोर से किस करने लगा और फिर आहिस्ते – आहिस्ते चूमते हुए उनके बूब्स दबाने लगा। मैंने उनका कुरता उतार दिया और ब्रा भी… मैं उनके नंगे बूब्स को चूसने लगा।

वो मुझसे बोली- अन्दर रूम में चलते हैं।

हम लोग रूम में आ गये और वहाँ जाते ही वो मेरे पर भूखी शेरनी की तरह टूट पड़ी। ऐसा लगा रहा था कि मैं उन्हें नहीं, वो मुझे चोद देंगी, मेरे लबों पर, कान पर, गले पर और छाती पर लव बाईट्स भर दिए उन्होंने… फिर मुझे पूरा नंगा कर दिया और अपनी भी सलवार और पेंटी उतारकर पूरी नंगी हो गई और सीधे ही लंड को अपने अन्दर डालने लगी।

मैंने उन्हें रोका और कहा– रुको भाभी, इतनी भी क्या जल्दी है?
और उन्हें बेड पर पटक कर उनके ऊपर आया और अपनी एक उंगली उनकी चूत में डाल कर चूची चूसने लगा। वो मस्ती में सीत्कारें भर रही थी- उम्म्म्हह्ह हम्म मम्म अम्म मम्मह… प्लीज जोर से सक करो.. और तेजी से .. ओह्ह्ह हऊऊईईइमा.. जोर तेज उंगली करो.. मुझे तुम ऐसे ही चोदो, जैसे तुमने उस औरत को चोदा था. मैं बहुत दिनों से नहीं चुदी हूँ, पागल हुई जा रही हूँ… अहहहः आआ प्लीज प्लीज ह्म्म्म मम्म ऊऊऊईईइमा हम्मम्मम्म!

मैंने फिर उन्हें अपने ऊपर लेकर अपना लंड चूसने को कहा, तो पहले वो थोड़ा नाटक करने लगी लेकिन बाद में मान गई, वो मेरा लंड चूस रही थी और मैं उनकी चूत चाटने लगा, मैंने अपनी जीभ उनकी चूत में डाल दी और उन्हें जीभ से चोदने लगा।

थोड़ी ही देर में वो अकड़ने लगी तो मुझे लगा कि अब वो झड़ने वाली हैं, तो मैंने अपना मुँह हटा लिया और मेरा भी झड़ गया था उनके
मुख में, वो थूकने चली गई, बाथरूम में वो थोड़ा कुल्ला वगैरह करने लगी और फिर ब्रश करके वो आई।
वो जब तक ब्रश कर रही थी, मैंने उन्हें पीछे से पकड़ कर उनके बूब्स से खेल रहा था और अपना सोया हुआ लंड उनके चूतड़ों पर रगड़ने लगा था।

मेरा लंड फिर से तैयार हो गया था, मैंने उन्हें कहा – अब मैं तुम्हें चोदूँगा, तुम तैयार हो ना?
वो कहने लगी– आई ऍम रेडी, तुम मुझे जितना चोदना चाहते हो.. चोदो!

हम लोग फिर बेड पर आये और मैंने मिशनरी पोजीशन में उन्हें चोदना चालू किया, मैंने जब उनकी चूत में लंड डाला तो उनकी चूत थोड़ी टाइट थी, बहुत दिनों से ना चुदने की वजह से!
मैंने उनसे अपना लंड फिर से चुसवाया और फिर से अपना गीला लंड उनकी चूत में डाला।

उन्होंने कहा– प्लीज आराम से करो… तुम्हारा लंड मेरे हब्बी से थोड़ा मोटा है, प्लीज!
तो मैंने कहा– भाभी, आराम से ही करूँगा। तुम टेंशन मत लो, बस मेरा साथ दो. फिर देखो.. तुम्हे कैसा मज़ा आता है!
वो बोली– ठीक है।

फिर मैं लंड को चूत पर रगड़ने लगा और वो सिसकारियाँ भरने लगी। मैंने मौका देखते ही हल्का सा झटका लगाया और लंड आधा अन्दर चला गया, वो थोड़ा सा चीखी और फिर खुद से ही अपना हाथ अपने मुँह पर रख लिया और मुझे इशारा किया कि ‘तुम चोदो।’
मैं भी इशारा पाते ही लग गया फुल स्पीड से चोदने में… मैं उन्हें चोदे जा रहा था अन्दर-बाहर!
थोड़ी देर बाद वो मज़े लेने लगी, कुछ कह नहीं रही थी।

मैंने उनको पूछा– कैसा लग रहा है?
वो बोली– बहुत अच्छा लग रहा है, प्लीज करते रहो, रुकना मत, प्लीज मुझे चोदते रहो!

5 मिनट मिशनरी पोजीशन में चोदने के बाद मैंने पोजीशन चेंज की और उन्हें खड़े होकर अपनी गोद में ले लिया, मैंने अपना लंड नीचे से उनकी चूत में डाल दिया और चोदने लगा।
दस मिनट हुए होंगे चुदाई करते हुए, मेरा तो निकलने वाला था, मैंने उनसे पूछा- कहाँ निकालूँ?

उन्होंने कहा- मेरी बॉडी पर कहीं भी गिरा दो, पर अन्दर मत गिराना!
मैंने उन्हें अपनी गोद से उतारा और लंड हिलाने लगा, जैसे ही गिरने वाला था तो मैंने उनका चेहरा पकड़कर, उनके फेस पर स्प्रे सा छोड़ दिया, पूरा स्पर्म उनके फेस पर लग गया।
क्या सेक्सी रंडी लग रही थी वो उस वक्त… उनका फेस पूरा स्पर्म के साथ!

फिर वो बाथरूम गई और फ्रेश होकर आई, तब तक मैं भी कपड़े पहनकर तैयार हो गया था, उनसे पूछा- नेक्स्ट कब?
उन्होंने कहा- जब भी तुम्हारा मन करे!

फिर मैं अपने घर आ गया और चुदाई के बाद इतनी अच्छी नींद आई और मैं मस्त सोया और अब जब भी मुझे मन होता है तब मैं उन्हें चोद आता हूँ।
फिर मैंने उनकी छोटी बहन तथा कई प्यासी सहेलियों को चोदा जिससे मुझे काफी अनुभव मिला।
अब तो मैं चुदासी से चुदासी औरत को सन्तुष्ट कर देता हूँ।
आपको कहानी कैसी लगी मुझे मेल जरूर करें।
धन्यवाद।
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