मेरे चाचू ने बेरहमी से चोदा-1

यह एक पाकिस्तानी चुदाई की कहानी है, एक बेरहमी से चुदाई की है।

मेरा नाम साना है और अब मैं कराची में रहती हूँ।

मेरी उम्र 18 साल है.. मेरा रंग बिल्कुल दूध की तरह गोरा है..

मेरा कद 5’4″ का है, मेरे जिस्म का कटाव 32-28-33 है..

मैं बहुत प्यारी और सेक्सी हूँ.. यह मैं नहीं.. लोग कहते हैं।

मेरे जिस्म का आगे का हिस्सा या यूँ कहूँ कि मेरे स्तन बहुत ही उठे और उभरे हुए हैं.. मेरी सहेलियाँ भी मुझे यही कहती हैं।

अब मैं अपनी कहानी सुनाती हूँ..

मेरे अब्बू के चचेरे भाई का हमारे घर बहुत आना-जाना था।

वे मुझे प्यार से हीरा कहते थे.. दरअसल उनकी देखा देखी कई लोग मुझसे हीरा ही कहने लगे थे।

वो पहले ऐसे नहीं थे.. वो बचपन में मुझे बेटी की तरह उठाते थे और एक चाचा के लिहाज़ से मुझे बहुत प्यार करते थे।

वो रिश्ते में मेरे चाचा थे लेकिन मैं उन्हें हसन भाई कहती थी।

उन्होंने कभी मेरे बारे में ऐसा नहीं सोचा था और ना ही मैंने कभी उनको इस नजरिए से देखा था।

आहिस्ता-आहिस्ता जब मैं बड़ी होने लगी.. तो खूबसूरत भी होने लगी।

लेकिन उन्हें इस बात की परवाह नहीं थी।

मैं अपनी सहेलियों को मैसेज करने के लिए अपनी अम्मी के मोबाइल इस्तेमाल करती थी।

मुझे मेरे एक कज़िन वलीद से मुहब्बत हो गई थी और उसे मुझसे मुहब्बत हो गई थी.. मैं उसे भी मैसेज करती थी।

एक दिन जब मैं घर से बाहर धूप में बैठी अपने ब्वॉय-फ्रेंड वलीद को मैसेज कर रही थी।

हसन भाई अचानक आ गए तो मैंने जल्दी से मोबाइल नीचे कर लिया और सीधी बैठ गई।

कहा जाता है कि समझदार के लिए इशारा ही काफ़ी होता है।

हसन भाई समझ गए और उनके दिल में यह ख्याल भी आ ही गया कि मैं अब बड़ी हो गई हूँ।
वो अब मुझे दूसरी नज़रों से देखने लगे।
वो अब मुझसे ज्यादा बातें करने लगे और मुझे अपनी गर्ल-फ्रेंड्स के बारे में बताने लगे।

मैं भी बड़े शौक़ से ये सब सुनती थी।

फिर उन्होंने मुझे एक दिन कहा- हीरा.. अब हम बेस्ट-फ्रेंड हैं और अब हम एक-दूसरे से कुछ नहीं छुपाएंगे।

मैं मान गई…
मैं चूंकि उस वक़्त गाँव में रहती थी.. उस वक़्त मैं स्कूल में पढ़ती थी।
तो मैंने एक दिन उनसे पूछा- हसन भाई.. आप नेट इस्तेमाल करते हैं.. मेरी स्कूल की सहेलियाँ तो इस्तेमाल करती हैं.. और याहू पर चैट करती हैं।

उन्होंने कहा- हाँ करता हूँ.. लेकिन हीरा क्या पता.. तुम्हारी फ्रेंड्स वहाँ चैट ही करती हैं.. या कुछ और देखती हैं.. आई मीन कि एक्ट्रेस की फोटोज वगैरह..

मुझे समझ नहीं आया कि वो क्या कहना चाहते हैं।

मैंने कहा- हाँ तो.. देखती हैं तो क्या हुआ… इसमें बुरा क्या है?

उन्होंने कहा- बेवक़ूफ़.. वो वाले नॉर्मल फोटो नहीं.. बल्कि नंगे फोटोज..

यह सुनते ही मेरे पूरे जिस्म में करेंट दौड़ गया और हैरान रह गई- क्या कह रहे हैं आप हसन भाई.. पागल तो नहीं हो गए हैं?

उन्होंने कहा- कसम से.. इंडियन एक्ट्रेस के नंगे फोटो हैं। तुम किसी को ना बताना ओके.. मैं जब अगली बार आऊँगा तो मोबाइल पर लेकर आऊँगा..

मैंने कहा- झूट मत बोलिए.. प्रियंकी चोपड़ा.. मलिका सेहरावत.. बिपाशा बसु तो लगती हैं ऐसी.. लेकिन ऐश्वर्य.. आयशा टाकिया.. ऐसी नहीं हैं.. वो तो बहुत शरीफ अदाकारा हैं।

उन्होंने जवाब दिया- हीरा तुम वेट करो.. जब मैं अगली बार लाऊँगा.. तो तुम खुद देख लेना।

मैंने कहा- ओके..

मैं वहाँ से चली गई.. अब हसन भाई की नियत खराब होने लग गई।

अगर मैं उन्हें डांटती या अम्मी को बताने की बोलती तो वो फिर ऐसी बातें ना करते.. लेकिन मेरी खामोशी से उन्हें हौसला मिला और सच कहूँ तो मेरा दिल भी नंगे फोटोज को देखने का कर रहा था।

खास तौर पर आयशा टाकिया का.. क्योंकि उसके उठे हुए चूचे मुझे बहुत हैरान करते थे।

वो अपने घर चले गए और जब एक महीने के बाद दुबारा आए.. तो मुझसे मिले और हमने बात भी की।

फिर उन्होंने मुझसे कहा- मैं ‘वो’ ले आया हूँ।

मैंने थोड़ा सख़्त लहजे में कहा- मैं नहीं देखती।

तो वो बोले- प्लीज़ ना.. यार.. तुम मेरी दोस्त नहीं हो..

खैर अगले दिन घर में कोई नहीं था.. सब किसी शादी में गए हुए थे। घर में मेरे अलावा मेरी दादी थीं।

मैं नहा रही थी और दादी सोई हुई थीं क्यूँकि दिन का वक़्त था और गर्मियाँ थीं।

इतने में हसन भाई भी आ गए.. मैं नहा कर निकली तो वो वहाँ ही खड़े थे।

फिर मैं रसोई में गई.. जहाँ पास ही के बरामदे में मेरी दादी सोई हुई थीं।

मैं वहाँ चाय पीने लगी।
हसन भाई उधर आकर बाहर खड़े हो गए और मुझे बाहर आने का इशारा करने लगे।
मैंने इशारा किया कि दादी हैं.. तो उन्होंने इशारा किया कि वो सोई हुई हैं।

फिर थोड़ी देर बाद उनके बार-बार कहने पर मैं बाहर आई और उनका मोबाइल उनसे ले लिया।

जिसमें मैं नंगी फोटोज थीं।

मैंने कहा- हसन भाई.. आप मुझे पिक्स लगा कर दें और दूसरी कमरे में जाएं.. मैं आप के सामने नहीं देखूँगी।

वो मान गए और दूसरे कमरे में चले गए।

मैंने जब पहली नंगी फोटो देखी.. तो मेरे पूरे जिस्म में करेंट दौड़ गया।

वो फोटो ऐश्वर्या राय की फेक फोटो थी.. जिसमें वो बिल्कुल नंगी थी और एक आदमी उसकी गाण्ड में लण्ड देकर उसको चूचियाँ दबा रहा था।

मैं तो हैरान रह गई.. इसी तरह ऐश्वर्या राय, माधुरी, मनीषा, प्रियंका, दीपिका पादुकोणे, रिया सेन, करीना कपूर, करिश्मा कपूर, कटरीना कैफ़, रानी मुखर्जी और मेरी फेवरिट आयशा टकिया की नंगी और कामुक तस्वीरें थीं।

मैंने ये सब देखा तो मुझे हैरानी हुई और मैं गरम भी होने लगी।

फिर मैं उठी.. अपने आप पर क़ाबू किया और बाहर निकल गई।

मैंने हसन भाई को मोबाइल दिया और कहा- तौबा है हसन भाई..

वो हंसे और बोले- मेरे पास तो नंगी वीडियो भी हैं..

मैंने कहा- नहीं.. अब नहीं देखनी..

वो मुस्कुराए और चले गए।

अब वो मुझसे खुलने लग गए… मुझसे गंदी बातें करते.. मेरे हाथ को छूते.. और एक दफ़ा तो मेरे मम्मों को भी छूने लगे।

तो मैंने उनका हाथ रोक लिया.. लेकिन छोटी थी इसलिए किसी को ना कह सकी।

अब वो हर वक़्त मेरे साथ होने का बहाना ढूँढने लगे।

मैंने भी इतना गौर नहीं किया।

फिर कुछ दिनों बाद मेरा ब्वॉय-फ्रेंड वलीद कराची से आया हुआ था।
वो भी मेरा रिश्तेदार था तो मेरे घर आया हुआ था।
हम एक-दूसरे से मुहब्बत भी करते थे.. लेकिन यह बात किसी को पता नहीं थी।

एक दिन मैं और वलीद हमारे घर के एक कमरे में सीट पर दोनों साथ बैठे बातें कर रहे थे।
सारे घर वाले बाहर थे.. और दरवाज़ा थोड़ा सा बंद था।
वलीद ने मेरा हाथ पकड़ा ही था कि अचानक दरवाज़ा खुला और हसन भाई.. मेरे एक और रिश्तेदार अनवार अन्दर आए।
कहानी अभी जारी रहेगी।
मेरी इस हसीन दास्तान पर मुझ तक अपनी बात पहुँचाने के लिए ईमेल लिखें।

Mere Chachu Ne Berahmi Se Choda
मेरे चाचू ने बेरहमी से चोदा-2

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