सन्ता और महिलाएँ

सन्ता अपने दोस्तों के साथ एक रात को बाहर चला गया।

जब वो आधी रात तक वापिस नहीं आया तो उसकी बीवी प्रीतो को गुस्सा आने लगा। प्रीतो ने बच्चों को कहा कि वे उसके लिए दरवाजा नहीं खोलेंगे।

जब सन्ता रात के एक बजे वापस आया और दरवाजे पर घण्टी बजाई तो प्रीतो ने उसे चिल्ला कर कहा- वापस जाओ और वहीं जाकर सोओ जहाँ से तुम आ रहे हो।

सन्ता ने जवाब दिया- मैं सोने के लिए यहाँ घर नहीं आया हूँ !

प्रीतो और गुस्से से बोली- तो क्या करने आए हो?

सन्ता बोला- मैं तो कंडोम लेने के लिए आया हूँ, वहाँ बेड के दराज में पैकेट रखा है, उसमें से तीन-चार निकाल कर खिड़की से ही मुझे पकड़ा दे, मत खोल दरवाजा ! पार्टी में बहुत सारी औरतें और लड़कियाँ हैं !

प्रीतो ने दरवाजा खोला और बड़े प्यार से कहा- जानू, तुम कहीं नहीं जा रहे हो, अन्दर आकर आराम से सो जाओ।

***

इटली के एक शराबघर में एक अमेरिकी, एक इतालवी, एक तुर्की और एक भारतीय सन्ता की आपस में मुलाकात हो गई।

अमेरिकन- मुझे हमारी सीआईए पर गर्व है, दुनिया में कोई भी घटना घटित होने से पहले ही वे पता लगा लेते हैं।

इतालवी- मुझे अपने देश की पुलिस की महिलाओं पर गर्व है,वे सबसे सुंदर हैं पर उनको चोदना आसान नहीं है।

तुर्की- मुझे लगता है कि हमारे देश में बने कालीन दुनिया में लाजवाब हैं, पूरी दुनिया में कोई भी, कहीं भी इस तरह के उच्च गुणवत्ता के कालीन नहीं बना सकता !

वे तीनों अपनी बातों पर प्रतिक्रिया सुनने के लिए इंतजार कर रहे थे पर सन्ता चुप था।

सन्ता को चुप देख कर उन्होंने पूछा- तुम किस बात पर गर्व कर सकते हो?

सन्ता- मुझे तो अपने आप पर गर्व है !

तीनों ने हैरानी से पूछा- वो कैसे?

इस पर सन्ता ने कहा- आज दोपहर ही मैंने इटली की पुलिस की एक महिला कॉन्स्टेबल को टर्किश कालीन पर लिटा कर खूब चोदा पर किसी चूतिये अमरीकी को पता नहीं लगा।

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