बड़ौदा में कपल के साथ देसी ग्रुप सेक्स-3

(Baroda Me Couple Ke Sath Desi Group Sex- Part 3)

यह कहानी निम्न शृंखला का एक भाग है:

सबीना ने मोबाइल पर टाइम देखा तो दोपहर के तीन बजने वाले थे.
अब जमीला ने खाना गर्म किया और सबीना ने चपाती बनाई और फिर हम लोगों ने नंगे ही लंच किया. लंच के बाद जमीला फ्रीज़र से वाडीलाल की ब्लैक करन्ट आइसक्रीम का पार्टी पैक निकाल लाई और उसको तीन पीस में करके एक ही प्लेट में डाल लाई और तीन चम्मच भी लगा लाई.

सबीना को मस्ती आ रही थी, वह एक बड़ा सा पीस काटकर अपनी चुचियों के बीच रख कर मुझसे बोली- राजेश, खड़े हो यार, आज मेरा आइसक्रीम खाने का अलग मूड है, मस्ताना को मेरी चुचियों के बीच में इस आइसक्रीम में रगड़ो. मैं मस्ताना से ही आइसक्रीम खाऊंगी.
मैं खड़ा हुआ और सबीना ने अपनी दोनों चुचियों को आपस में मिलाया, मैंने मस्ताना को चुचियों के बीच में घुसाया और जमीला से बोली- भाभी, थोड़ी और आइसक्रीम डालो न मस्ताना के टोपे पर!
तो जमीला ने काफी आइसक्रीम मेरे मस्ताना के टोपे पर डाल दी.

अब मैं मस्ताना से सबीना की चुचियों को चोदने लगा. जैसे ही मस्ताना आगे जाता तो सबीना जीभ से मस्ताना के टोपे को चाटकर साफ़ कर देती और फिर जब मस्ताना पीछे आता तो मस्ताना के टोपे पर फिर आइसक्रीम लग जाती मस्ताना भी ठंडा हो रहा था तो मुझे भी मजा आ रहा था.

सबीना को इस तरह आइसक्रीम खाते देख जमीला भी ‘ऐसे ही मैं भी आइसक्रीम खाऊंगी’ कह कर बची आइसक्रीम को वापस फ्रीज़र में रख आई की पिघले ना!

5 मिनट में सबीना ने पूरी आइसक्रीम मस्ताना के टोपे से खाई. अब मैंने मस्ताना को सबीना की चुचियों से निकाल कर सबीना के मुँह में दे दिया जिसको सबीना ने अच्छे से चाटकर साफ़ कर दिया और मैंने सबीना की चुचियों पर बची हुई आइसक्रीम को चाट कर साफ़ कर दिया.

जमीला ने भी मुझे मस्ताना उसकी चुचियों के बीच घुसाने को बोली तो अब मैंने मस्ताना को जमीला की चुचियों में घुसा दिया. मस्ताना बिलकुल लोहे की रॉड की तरह हो रहा था जिससे मस्ताना का टोपा पूरा खुला हुआ और लाल टमाटर की तरह चमक रहा था.

जमीला ने सबीना से आइसक्रीम लाकर जमीला की चुचियों पर डालने को कहा तो सबीना आइसक्रीम निकल लाई और काफी सारी आइसक्रीम जमीला की चुचियों और मस्ताना के टोपे पर गिरा दी.
अब फिर मैं जमीला की चुचियों को चोदने लगा तो जमीला भी सबीना की तरह आइसक्रीम खाने लगी. उधर सबीना ने थोड़ी आइसक्रीम जमीला की चूत पर डालकर खुद भी खाने लगी तो मैं बोला- साली कमीनी सबीना की बच्ची, कुछ आइसक्रीम मुझे भी तो छोड़! मुझे भी तुम दोनों की चुचियों और चूत पर डाल कर आइसक्रीम खानी है.

तो सबीना बोली- एक पैक और रखा है, खा लेना, क्यों भूखा मर रहा है, तेरा मस्ताना तो खा ही रहा है आइसक्रीम!
फिर जमीला मस्ताना के टोपे से आइसक्रीम खा रही थी और सबीना जमीला की चूत से.
अब मेरा मस्ताना भी अपनी मलाई फेंकने लगा तो जमीला की आइसक्रीम हाइब्रिड आइसक्रीम बन गई. मस्ताना की मलाई के साथ आइसक्रीम का मजा जमीला ले रही थी. जैसे ही आइसक्रीम खत्म हुई जमीला ने मस्ताना को अच्छे से चूस कर साफ़ किया और मेरी गोलियों को भी चूस कर साफ़ किया.

सवा चार बजे गये थे और हम लोग अभी किचन में ही थे. अब हम लोग जमीला के बैडरूम में आकर वापस बाथरूम में घुस गए और एक बार फिर नहाये और बाहर आये.
सबीना मुझे कल रुकने का वादा लेकर चली गई, वो उसी सोसायटी में दूसरे ब्लॉक में रहती थी, उसका पति दुबई में काम करता था जो 6 महीने में एक बार आता था. इसलिए सबीना और जमीला में लेस्बियन सम्बन्ध बन गए और वो जब भी मौका मिलता इसका मजा लेती और कभी रफीक जब किसी को अपनी गांड और जमीला को चुदवाने बुलाता तो आज की तरह दोनों ननद भाभी उस से दिन में मजा लेती और रात को रफीक और जमीला मजे लेते.

मेरे साथ भी ऐसा ही हुआ.

सबीना के जाने के बाद हम दोनों नंगे ही बैडरूम में सो गए. रफीक के पास फ्लैट की दूसरी चाबी थी तो उसके आने पर दरवाजा कौन खोलेगा, उसकी दिक्कत भी नहीं थी. मैं जमीला की चुचियों में मुँह देकर और जमीला मेरा मस्ताना पकड़ कर सो गए.

रात को 8 बजे रफीक ने हम दोनों को जगाया. रफीक बोला- यार, लगता है दोपहर में कुछ ज्यादा ही थक गए तुम लोग. घोड़े बेच कर सो रहे हो!
मैं बोला- हाँ यार, जमीला और मैं दोनों ही थक गए है.
अचानक मुझे सबीना की आवाज सुनाई दी ‘राजेश, खड़े हो यार, आज मेरा आइसक्रीम खाने का अलग मूड है, मस्ताना को मेरी चुचियों के बीच में इस आइसक्रीम में रगड़ो. मैं मस्ताना से ही आइसक्रीम खाऊंगी.’

मैंने आवाज की दिशा में देखा तो दीवार पर लगी 42″ की एल इ डी टीवी पर हमारे दोपहर की चुदाई सीन चल रहा था. मुझे टीवी की तरफ देखकर रफीक की तरफ देखा तो रफीक बोला- राजेश तुम सोच रहे होंगे कि मुझे सबीना को तुमसे चुदवाते देख हैरानी क्यों नहीं हो रही. वास्तव में मुझे जमीला और सबीना का लेस्बियन सेक्स सम्बन्ध के बारे में पता है लेकिन सबीना यह नहीं जानती कि मुझे ये सब पता है कि जब भी कोई हम दोनों के साथ मस्ती करने आता है उससे सबीना चुदवाती है. वैसे ये बताओ सबीना मेरी बहन कैसी थी. मैंने तुमको पहले ही बता दिया था कि मैं भी ये सब पसन्द करता हूँ. तो अब चलो एक साथ नहाते हैं और अब तुम भी ये जान जाओगे कि बहन की चूत से ज्यादा ये भाई तुमको अपनी गांड से मजा देगा.

जमीला बोली- हम दोनों में कोई बात छिपी नहीं है. मैंने रफीक को बताया कि इसकी बहन सबीना बेचारी 6 महीने बिना चुदाई के रहेगी तो कहीं बाहर चुदवाने जायेगी तो बदनामी होगी तो इसने मुझे उस से सम्बन्ध बनाने को कहा और ये भी अपनी बहन की चुदाई के जलवे देखना चाहता है इसलिए ये कैमरे हर जगह छिपाकर लगवा दिए. जिसका सबीना को भी पता नहीं है. एक बात और राजेश, ये बहन का लौड़ा अपनी बहन से ज्यादा मस्त लौड़ा चूसता है और गांड भी मस्त मरवाएगा. वैसे मुझे भी गांड का शौक इसने लगा दिया है पर दिन में इसलिये नहीं मारवाई क्या पता सबीना को ये पसन्द आये या नहीं आये.

अब रफीक ने मेरा मस्ताना चाटा और बोला- चलो राजा, हम दोनों तुमको नहला दें.
‘चलो मेरी रानियो!’ मैंने कहा.
अब जमीला की चुचियों को मैं मसलते हुए रफीक के हाथ में मेरा मस्ताना और हम पहुंच गए बाथरूम.

जमीला- डार्लिंग राजेश, ये बताओ कि साबुन लण्ड वाली रानी से लगवाओगे या चूत वाली से? हा हा हा…
मैं- चलो यार आज दोनों मिलकर नहलाओ.
जमीला मेरे सीने और पीठ पर साबुन लगा रही थी और रफीक मस्ताना को धोने में लगा था.

अच्छे से नहाकर जमीला बोली- रफीक बड़ी मस्त मालिश करता है.
तो मैं बोला- मुझे बॉडी से बॉडी वाली मालिश तुम दोगी और नॉर्मल मालिश रफीक.
जमीला- ये बॉडी से बॉडी की मालिश कैसे होगी?
मैं- यार, अपनी चुचियों पर तेल उड़ेल कर मेरे सीने और बॉडी की मालिश अपनी चुचियों से करो.
जमीला- तुम तो हर चीज में माहिर हो यार!

मुझे नीचे गद्दा बिछा कर उस पर पुरानी बेड शीट बिछा कर लिटा दिया और दोनों मालिश करने लगे.

जमीला को मैंने मेरे मुँह पर बिठाया और सीने और पेट की मालिश करने को बोला जिससे मैं उसकी चूत भी चूस चाट रहा था. रफीक पैरों और मस्ताना की मालिश कर रहा था. रफीक एक एक्सपर्ट की तरह मस्ताना के टोपे की और गोलियों की मालिश करने लगा और चूसने लगा.
चूसने में रफीक बहुत एक्सपर्ट था, उसको पता था कि लण्ड के टोपे के नीचे चाटने से लण्ड ज्यादा कड़क होता है.

काफी चुसाई के बाद जमीला बोली- राजेश डार्लिंग, अब तुम रफीक की गांड चोदो और मैं तेरा मस्ताना और गांड दोनों चाटूँगी.

मैंने जमीला को गद्दे पर लिटाया और उसके ऊपर 69 में रफीक को करके जमीला को उसकी गांड चाटने और उसमें मेरे मस्ताना को घुसाने के लिए मस्ताना को कंडोम चढाने को कहा.
जमीला- कंडोम वो चढ़ायेगा जिसको गांड चुदवानी है.
रफीक- राजा, मेरे मुँह की तरफ आओ मैं चढ़ाऊँगा कंडोम, इसको भी मैंने सिखाया है कंडोम मुँह से चढ़ाना.

रफीक ने मुँह से मस्ताना पे चढ़ा कर चूसा और बोला- आज मेरी गांड में आपके मस्ताना का स्वागत है. मेरी गांड ऐसे चोदो जैसे मेरी बहन की चूत चोद रहे हो, तुमको सबीना की चूत की कसम!
मैं- मादरचोद, तुम भाई बहन को चूत की कसम देने का ज्यादा शौक है, दिन में वो चुदक्कड़ कसम दे रही थी अब तुम.

रफीक जमीला की चूत और गांड दोनों चाट रहा था और जमीला भी रफीक का लण्ड और गांड चाट रही थी, वो अपनी दो उंगली रफीक की गांड में घुसा कर हिला रही थी. अब मैं रफीक के पीछे और जमीला के मुँह के पास आया और एक बार जमीला से मस्ताना और टट्टे चटवाये और खुद जमीला ने मस्ताना को पकड़ कर अपनी उंगली निकाली और मस्ताना का टोपा टिका दिया.
मैंने रफीक की कमर कस के पकड़ी और धीरे से मस्ताना अंदर धकेला तो टोपा घुस गया.

रफीक दर्द से तड़पने लगा पर नीचे से जमीला ने उसका लण्ड चूस कर और उसके मुँह पर चूत रगड़ कर तसल्ली दी. मैं एक मिनट रुका और फिर दूसरा झटका दिया आधा लण्ड रफीक की गांड में उतर गया.
अब मैं फिर एक मिनट रुका और धीरे धीरे मस्ताना को वहीं हिलाने लगा और जैसे ही रफीक ने गांड ढीली की, मैंने मस्ताना जड़ तक घुसा दिया और चोदने लगा और रफीक का ध्यान दर्द से हटाने के लिए मैंने रफीक से सबीना के बारे में बात शुरू की.

मैं- यार रफीक, तेरी गांड तो सबीना की चूत जैसा मजा दे रही है. क्या मस्त चुचियाँ हैं सबीना की, दिल करता है कि तुम दोनों को एक साथ चोदूँ. तुम सबीना की चूत चाटो और मैं तुम्हारी गांड चोदूँ! वैसे तेरा दिल सबीना की चुदाई के वीडियो देख कर उसकी चूत और चुची चूसने का और चोदने का जरूर करता होगा?

रफीक- यार, मेरे भी मन में आती है कि हम चारों ग्रुप सेक्स करें, मैं सबीना की चूत और गांड दोनों चाटूँ और चूसूं… पर हिम्मत नहीं होती. यार राजेश वैसे यदि तेरा इरादा हम दोनों भाई बहन को एक साथ चोदने का है तो तुम कुछ प्लान बनाओ और मुझे भी बहन को असलियत में चुदवाते दिखाओ. मैं तो चाहता हूँ कि जब तुम उसकी चूत चोदोगे तो मैं सबीना की चूत और मस्ताना दोनों चाटूँ.
मैं- यार जमीला, कैसा रहेगा यदि भाई बहन की शर्म मिट जाए तो?
जमीला- वैसे सबीना रफीक को लण्ड चूसते हुए और गांड चुदवाते हुए देख चुकी है उसका भी दिल रफीक का लण्ड चूसने का है जब रफीक गांड मरवाता है तब.
मैं- फिर कल दिन में सबीना की चुदाई रफीक के सामने ही करूँगा और वो भी रफीक की गोदी में लिटा कर. रफीक तेरी गांड बहूत टाइट है.

जमीला- ये तीसरी बार ही गांड जो चुदवा रहे हैं. पहले इनको लण्ड चूसने का ही शौक था पर एक दिन शर्त पर गांड मरवा ली तब से ये गांड चुदाई का मजा भी लेते हैं.
रफीक- आहह राजा, जोर से चोदो और जोर से, आहह और जोर से गांड जब तक फट न जाये चोदते रहो!

10 मिनट में रफीक जमीला के मुँह में झड़ गया और जमीला मस्ताना और गांड को भी चाट रही थी और कभी कभी मस्ताना पर थूक भी रही थी जिससे लण्ड अच्छे से चुदाई करे और रफीक की गांड गीली रहे.
अब जमीला भी गर्म हो रही थी तो मैंने रफीक की गांड से मस्ताना निकाला और रफीक को बेड पर एक पलटी मारने को कहा तो दोनों ने पलटी मारी, अब रफीक नीचे और जमीला ऊपर आ गई और अब मैंने जमीला को कंडोम पैकेट पकड़ा कर कंडोम बदलवाया.

जमीला ने मेरे मस्ताना और गोलियों को 5 मिनट चूसा और फिर मैं रफीक के मुँह के ऊपर जमीला की चूत में लण्ड घुसाने से पहले रफीक को चुसवाया और रफीक ने अपने मुँह से मस्ताना को पकड़ कर जमीला की चूत पे टिकाया और मैंने एक ही धक्के में पूरा लण्ड जमीला की चूत में पेल दिया.

जमीला दर्द से तड़प गई लेकिन रफीक ने उसकी चूत और उसके दाने को चाटा और मैं जमीला की चुचियों को मसल रहा था.

थोड़ा रुक कर मैं जमीला को चोदने लगा और रफीक चूत और लण्ड दोनों को चाट रहा था.

जमीला- बहन के लौड़े राजेश, ऐसे मेरी चूत फाड़ ही डालोगे, कितनी बेरहमी से पेला मस्ताना को… रहम नहीं आया तुझे मेरी चूत बेचारी पर?
मैं- आहह चूत बेचारी… साली दिन से कितनी बार ले चुकी और चुद चुकी है और बेचारी चूत जब तो कहती हो. मेरी इस कमीनी चूत का चोद चोद कर कचूमर बना दो इसको फाड़ो साली को!
जमीला- वो तो जब कहती हूँ जब ये बहन की लौड़ी चूत मुझे सोने नहीं देती, जब साली में चुदाई की खुजली होती है. पर इसका मतलब ये थोड़ी है इसको फड़वा के भोसड़ा बनवा लूँ.

और थोड़ी देर बाद जमीला- आहहहहह…उम्म्म…साले अब फाड़ ना जोर जोर से अब कहाँ गया तेरा जोश ह्म्म्म…ओहहहहह…अब चोद फाड़ साली को बहूत आग लगी है साली फुद्दी में. फायर ब्रिगेड मंगवा दे बलमा चूत में भरे अंगारे हाहाहा….
मैं- आहहहह…रुक जा थोड़ी देर अभी फायर ब्रिगेड़ का नल खुलने वाला है.

5 मिनट बाद मेरे मस्ताना को जमीला की चूत से बाहर निकाल लिया, रफीक ने कंडोम उतार फेंका और मस्ताना रफीक के मुँह में पिचकारी मारनी शुरू की तो जमीला भी बैठ गई और दोनों चाटने और चूसने लगे.

फिर हमने डिनर किया और रात में 2 बार रफीक और जमीला की चुदाई की और सुबह पांच बजे सोये तो 8 बजे जगे.

कहानी जारी रहेगी.
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