प्यासी जवानी के अकेलेपन का इलाज़-6

एकाएक मैंने अपना लंड पूजा की चुत में से निकालकर गांड के छेद पर रखकर एक झटके से पूरा का पूरा लंड पूजा की गांड में पेल दिया. वो चौंक उठी, चिल्लाने लगी- ओह अहह मरर गईईईई.

प्यासी जवानी के अकेलेपन का इलाज़-5

मैंने पूजा की गांड में उंगली लगायी तो वो उछल पड़ी, बोली- साले, क्या तुझे चूत पसंद नहीं? कब से तू मेरी गांड के पीछे पड़ा हुआ है. मैं पहले भी बता चुकी हूँ कि मुझे गांड नहीं मरवानी!

प्यासी जवानी के अकेलेपन का इलाज़-4

मुझे चुत की सीटी सुनना बहुत अच्छा लगता है. मैं अक्सर बाथरूम के बाहर से अपनी माँ बहन की चुत की सीटी सुनता था. चलो आज मैं तुम्हारे सामने बैठ कर तुम्हारी चुत की सीटी सुनूँगा.

प्यासी जवानी के अकेलेपन का इलाज़-3

मैं उसकी नंगी पीठ और चूतड़ों पर हाथ फेरते हुए बोला- मेरी रानी… मेरा लंड तुम्हारा है. तुम इससे जैसे चाहो खेलो… इसको अपने हाथों से खड़ा करो या फिर इसे अपने मुँह चूस चूसकर खड़ा करो!

प्यासी जवानी के अकेलेपन का इलाज़-2

तुम्हारी चिकनी जाँघों के बीच घनी काली झांटों के पीछे छुपी चूत बहुत ही रसीली और प्यारी है. मेरा ये लंड तुम्हारे चूत से मिलने को बहुत ही बेताब है बेचारा..

प्यासी जवानी के अकेलेपन का इलाज़-1

मैं महाबलेश्वर में होटल के स्विमिंग पूल में था कि करीब तीस साल की खूबसूरत औरत दिखी. तैरते समय मैं बार बार उस औरत को देख रहा था तो वो भी मुस्कुरा दी. आगे क्या हुआ?

चुदाई का असली मज़ा आंटी को दिया -2

मैं आंटी के ऊपर लेटा उनके बदन से खेल रहा था और वो दिखावे के लिये मुझे रोक रही थी। लेकिन मैंने उन्की चूत मसल कर उन्हें पूरा गर्म किया तो वोk हुल कर अपनी चूत चुदवाने को तैयार हो गई।

चुदाई का असली मज़ा आंटी को दिया -1

मेरे एक दोस्त की मम्मी बहुत सेक्सी बदन की मालकिन थी, मैं उन्हें चोदना चाहता था. मैं अक्सर उनके घर जाता था. एक दिन मैं उनके घर अपने दोस्त का इंतजार कर रहा था कि…